जिला मुख्यालय स्थापित करवाने की मांग को लेकर बार एसोसिएशन महेन्द्रगढ़ का धरना प्रदर्शन 21 वें दिन भी जारी

 महेन्द्रगढ़ : प्रमोद बेवल 




महेन्द्रगढ़ में जिला मुख्यालय स्थापित करवाने की मांग को लेकर बार एसोसिएशन महेन्द्रगढ़ का धरना प्रदर्शन 21 वें दिन भी जारी रहा और 14 दिसम्बर के प्रस्तावित महेन्द्रगढ़, कनीना, सतनाली, आकोदा, नांगल सिरोही, दौंगडा अहीर के बन्द व महापंचायत के लिए कमर कस ली है ।

प्रस्तावित बन्द व महापंचायत के लिए पहली पंचायत नांगल सिरोही में आयोजित की गई जिसमें लगभग 20 गावों के पंच, सरपंच, मोजिज लोगो व वकील प्रतिनिधियों ने भाग लिया। पंचायत में सर्वसम्मति से बार एसोसिएशन महेन्द्रगढ़ द्वारा जिला मुख्यालय के लिए किए जा रहे आंदोलन को समर्थन दिया और कल नांगल सिरोही बन्द रखकर महेन्द्रगढ़ महापंचायत में अधिक से अधिक पहुंचने की घोषणा की । संदीप राव नांगल सिरोही बन्द किया जाएगा और दल बल के साथ महेन्द्रगढ़ महापंचायत में पहुंचेंगे। उन्होंने धरना स्थल पर पहुंचकर भी बन्द सफल बनाने में हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया ।

धरना स्थल पर सरोज चौधरी जिला अध्यक्ष महिला कांग्रेस महेन्द्रगढ़, शारदा देवी जिला महासचिव महिला कांग्रेस, सावित्री देवी जिला सचिव महिला कांग्रेस, नीतू देवी जिला सचिव महिला कांग्रेस, सुनीता अधिवक्ता कानूनी सलाहकार कांग्रेस  ने भी वकीलों के आन्दोलन को समर्थन दिया और महिला कांग्रेस की ओर से कल के बन्द व महापंचायत में अधिक से अधिक भागीदारी का आश्वासन दिया।

दोपहर में आकोदा गांव में भी कई गावों की पंचायत का आयोजन किया गया और पंचायत में सर्वसम्मति से आकोदा का बाजार बन्द रखने व अधिक से अधिक संख्या में महापंचायत में पहुंचने का आश्वाशन दिया। सतनाली में भी कल के बन्द के लिए स्थानीय वकीलों जिनमें सुबोध शर्मा एडवोकेट सहसचिव व पुष्पेन्द्र शेखावत एडवोकेटक ने युवा साथियों के साथ बंद करने महापंचायत में पहुंचने के लिए प्रेरित किया और जनता ने बाज़ार बन्द रखकर महेन्द्र गढ़ महापंचायत में अधिक से अधिक पहुंचने का आश्वासन दिया।

बार एसोसिएशन महेन्द्रगढ़ के प्रधान अजीत यादव एडवोकेट ने बताया कि क्षेत्र में कल का बन्द ऐतिहासिक होगा तथा हजारों कि संख्या में लोग महापंचायत में शामिल होकर जिला मुख्यालय की स्थापना कि मांग को पूरा करवाने के लिए सरकार को ललकारेंगे। उन्होंने कहा कि जिला मुख्यालय स्थापित किए जाने कि मांग वकीलों की न होकर जनता कि मांग है और इसी प्रकार यह आन्दोलन वकीलों का न होकर क्षेत्र की जनता का आंदोलन है। 
महेन्द्रगढ़ कि जनता ने ठान लिया है और अब जिला मुख्यालय कि स्थापना करवाकर ही दम लेंगे । उन्होंने कहा कि जनता कि ताकत के आगे सरकार को झुकना पड़ेगा ।

Post a Comment

0 Comments